तेजी से फैल रहा आई फ्लू या पिंक आई के मामले , जान लीजिए लक्षण और बचाव के तरीके

क्या है कंजंक्टिवाइटिस?
कंजंक्टिवाइटिस को आमतौर पर पिंक आई के रूप में जाना जाता है, जो आंखों की पलकों में संक्रमण या सूजन है. यह वायरस, बैक्टीरिया या एलर्जी के कारण हो सकता है. बैक्टीरियल और वायरल कंजंक्टिवाइटिस दोनों अत्यधिक संक्रामक हैं, जबकि एलर्जिक कंजंक्टिवाइटिस नहीं है. चिकित्सा विशेषज्ञों के अनुसार, बच्चों में गुलाबी आंखें होने की संभावना अधिक होती है, क्योंकि उनका लगातार किसी व्यक्ति के साथ निकट संपर्क होता है और इसलिए भी कि वे उतने साफ-सुथरे नहीं होते हैं.

कंजंक्टिवाइटिस के लक्षण

आंखों में खुजली, धूल और पर्दे के पीछे चुभन जैसी समस्याएं हो सकती हैं

आंखों में जलन या खराश

आंखों से पानी या पस निकलना

आंखों के नीचे और आसपास की त्वचा की सूजन या लाली

आंखों में खुजली और खासतर पलकों के पास

कंजंक्टिवाइटिस से बचाव के तरीके

हाथ धोकर और साबुन या डिटर्जेंट का उपयोग करके हर बार आंखों को साफ पानी से धोएं. अलग आंखों के साथ तौलिएं को शेयर न करें

यदि कंजंक्टिवाइटिस के लक्षण दिखाई देते हैं, तो अपने आंखों को आराम दें और डॉक्टर के सलाह से उचित दवा लें.

गर्म पानी में नमक मिलाकर एक बर्तन में रखें. फिर एक छोटा का कपड़ा लें और पानी में डीप करके आंख को साफ करें. यह आंखों की खुजली और जलन को कम करने में मदद करता है.

बैक्टीरिया की चपेट में आने से बचने के लिए बिस्तर और तौलिये को बार-बार बदलें. इसके अलावा कीटाणुओं को मारने के लिए उन्हें गर्म पानी और डिटर्जेंट से धोएं.