अहमदाबाद/पुरी, 26 जून 2025:
पूरे देश में भगवान जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा की धूम रही। श्रद्धा, संस्कृति और विरासत का अद्भुत संगम इस अवसर पर देखने को मिला। अहमदाबाद और पुरी समेत देशभर में लाखों श्रद्धालुओं ने उत्साह और भक्ति के साथ रथयात्रा में हिस्सा लिया।
अहमदाबाद में 148वीं रथयात्रा, अमित शाह ने की मंगल आरती
गुजरात की राजधानी अहमदाबाद में 148वीं रथयात्रा का आयोजन पूरे पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ किया गया। इस मौके पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने श्री जगन्नाथ मंदिर पहुंचकर मंगल आरती में हिस्सा लिया। उनके साथ गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल भी मौजूद रहे और उन्होंने रथ खींचने की रस्म निभाई।
सोशल मीडिया पर पोस्ट साझा करते हुए अमित शाह ने कहा, “श्री जगन्नाथ रथयात्रा के पावन पर्व पर अहमदाबाद के श्री जगन्नाथ मंदिर में मंगल आरती में शामिल होना अपने आप में एक दिव्य और अद्भुत अनुभव है।” उन्होंने महाप्रभु से देशवासियों के कल्याण और प्रगति की प्रार्थना की।
पुरी में उमड़ी लाखों की भीड़, हुआ ऐतिहासिक आयोजन
ओडिशा के पुरी शहर में भी रथयात्रा को लेकर जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। भगवान जगन्नाथ, उनके भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा की रथों पर सवार होकर गुंडिचा मंदिर तक यात्रा निकाली गई, जहां तीनों देवता एक सप्ताह तक निवास करेंगे।
राज्य के मुख्यमंत्री मोहन चरण मांझी ने सभी श्रद्धालुओं का स्वागत किया और रथयात्रा को ओडिशा की संस्कृति और पहचान का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा, “श्रद्धा और आस्था के साथ रथयात्रा में भाग लें और महाप्रभु के दर्शन कर उनका आशीर्वाद प्राप्त करें।”
श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए व्यापक इंतजाम
दोनों राज्यों में प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे। ड्रोन निगरानी, मेडिकल सहायता और भीड़ नियंत्रण के लिए विशेष बलों की तैनाती की गई। स्थानीय प्रशासन ने लोगों से संयम और सहयोग बनाए रखने की अपील की।
आस्था का पर्व बना राष्ट्रीय उत्सव
जगन्नाथ रथयात्रा अब सिर्फ धार्मिक उत्सव नहीं, बल्कि देश की सांस्कृतिक एकता और विविधता का प्रतीक बन चुकी है। हर राज्य और शहर में इसकी झलक देखने को मिल रही है।
