हरियाणा सरकार ने डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम सिंह को एक बार फिर जेल से बाहर निकलने की इजाजत दी है। इस बार उन्हें 40 दिनों की पैरोल दी गई है। सोमवार सुबह 5 अगस्त को वह रोहतक की सुनारिया जेल से सुबह 6:30 बजे अपने काफिले के साथ सिरसा स्थित डेरा सच्चा सौदा मुख्यालय के लिए रवाना हुए।
पहले भी मिल चुकी है पैरोल और फरलो
गुरमीत राम रहीम को जेल से बाहर आना कोई नया मामला नहीं है। इससे पहले भी उन्हें कई बार पैरोल और फरलो पर रिहा किया गया है:
-
अप्रैल 2025 में उन्हें 21 दिनों की फरलो मिली थी, उस दौरान 29 अप्रैल को डेरा सच्चा सौदा का स्थापना दिवस मनाया गया था।
-
फरवरी 2025 में, दिल्ली विधानसभा चुनावों से पहले, राम रहीम को 30 दिन की पैरोल दी गई थी। वह सीधे डेरा आश्रम पहुंचे थे।
किस मामले में जेल में है राम रहीम?
गुरमीत राम रहीम सिंह को अगस्त 2017 में पंचकूला स्थित सीबीआई अदालत ने दो महिला साध्वियों के यौन शोषण मामले में दोषी करार दिया था।
-
उन्हें 10-10 साल की दोहरी सजा सुनाई गई थी।
-
साथ ही ₹30 लाख 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया।
-
यह यौन शोषण की घटनाएं वर्ष 1999 की थीं, लेकिन पीड़िताओं के बयान 2005 में दर्ज किए गए, जिसके बाद सीबीआई ने 6 साल की जांच के बाद चार्जशीट दाखिल की थी।
राजनीतिक व सामाजिक हलकों में हलचल
हर बार की तरह इस बार भी राम रहीम को मिली पैरोल को लेकर राजनीतिक हलकों में चर्चाएं तेज हो गई हैं। खासकर त्योहारों और चुनावों के आस-पास उन्हें मिलती रियायतें राजनीतिक समीकरणों से जोड़कर देखी जाती हैं।
