चर्चित राजा रघुवंशी हत्याकांड में अब जांच अंतिम चरण में पहुंच गई है। मेघालय पुलिस 1 सितंबर को शिलॉन्ग कोर्ट में चालान पेश कर सकती है। इसी सिलसिले में मंगलवार देर शाम मेघालय पुलिस की एक टीम इंदौर पहुंची और यहां क्राइम ब्रांच से संपर्क किया। टीम आरोपियों के मोबाइल फोन से जुड़े दस्तावेज और तकनीकी सबूत जुटा रही है।
सूत्रों के मुताबिक पुलिस के पास आरोपियों के तीन मोबाइल फोन के बिल और संबंधित दुकानदारों की जानकारी है। बुधवार को इन दुकानदारों से पूछताछ की जा सकती है।
आरोपियों के वकील पर संशय
फिलहाल जेल में बंद किसी भी आरोपी की ओर से निजी वकील सामने नहीं आया है। हालांकि, जानकारी मिली है कि मुख्य आरोपी सोनम के परिवार ने उसके लिए वकील नियुक्त किया है। वहीं, राजा रघुवंशी के परिजनों ने बताया कि उनके वकील को चालान पेश होने की सूचना मिल चुकी है और वे लगातार कोर्ट में आरोपियों की जमानत याचिकाओं का विरोध कर रहे हैं।
शिलॉन्ग की खाई में मिला था शव
इंदौर के ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी की शादी 11 मई को सोनम से हुई थी। 20 मई को दोनों हनीमून के लिए मेघालय रवाना हुए। 22 मई को वे सोहरा घूमने गए थे और 24 मई को परिवार से उनका संपर्क टूट गया। 2 जून को शिलॉन्ग की एक खाई से राजा का शव बरामद हुआ। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सामने आया कि उसकी हत्या पेड़ काटने वाले हथियार से की गई थी।
ढाबे पर मिली सोनम, 8 आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने 9 जून को सोनम को यूपी के गाजीपुर स्थित एक ढाबे से गिरफ्तार किया था। इसके बाद परत-दर-परत कई चौंकाने वाले खुलासे हुए। अब तक इस मामले में 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जिनमें से तीन की जमानत हो चुकी है।
