जम्मू-कश्मीर में बारिश और भूस्खलन से तबाही, वैष्णो देवी मार्ग पर 31 की मौत

जम्मू/कटरा, 26 अगस्त। जम्मू-कश्मीर में लगातार हो रही भारी बारिश ने तबाही मचा दी है। कटरा स्थित माता वैष्णो देवी यात्रा मार्ग पर बुधवार को हुए भीषण भूस्खलन में कम से कम 31 श्रद्धालुओं की मौत हो गई और 23 लोग घायल हुए हैं। त्रिकुट पर्वत पर बने इस पवित्र मार्ग पर मलबा गिरने से रास्ता पूरी तरह बाधित हो गया है। अधिकारियों को आशंका है कि मलबे में अब भी कई लोग फंसे हो सकते हैं। बचाव और राहत कार्य जारी है।

इससे पहले मंगलवार को भी इसी मार्ग पर एक भूस्खलन हुआ था, जिसमें 9 लोगों की मौत हो गई थी और 21 घायल हुए थे। पहाड़ दरकने से तीर्थयात्रा मार्ग को भारी नुकसान पहुंचा है। प्रशासन का कहना है कि मृतकों की संख्या और बढ़ सकती है।

भारी बारिश और भूस्खलन के चलते जम्मू संभाग का जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। कई जगह पुल बह गए, बिजली खंभे और मोबाइल टावर ध्वस्त हो गए। मंगलवार को जम्मू में महज छह घंटे में 22 सेंटीमीटर बारिश दर्ज की गई, जो अब तक की रिकॉर्ड बारिश मानी जा रही है।

आपदा से निपटने के लिए प्रशासन, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पुलिस और सेना की टीमें लगातार काम कर रही हैं। अब तक 3,500 से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। प्रभावित इलाकों में अस्थायी आश्रय गृह बनाए गए हैं, जहां लोगों को भोजन, पानी और स्वास्थ्य सुविधा दी जा रही है।

रेल सेवाओं पर भी इसका असर पड़ा है। उत्तरी रेलवे ने बुधवार को 22 ट्रेनें रद्द कर दीं और 27 ट्रेनों को बीच में ही रोकना पड़ा। कटरा, जम्मू और उधमपुर से चलने वाली कई गाड़ियां प्रभावित हुई हैं। वहीं, पठानकोट और हिमाचल के कांट्रोरी के बीच रेल सेवा रोक दी गई है क्योंकि चक्की नदी में आई बाढ़ से पुल क्षतिग्रस्त हो गया है। हालांकि कटरा–श्रीनगर रेल मार्ग फिलहाल अप्रभावित है।