जयपुर, 6 अक्टूबर। राजधानी जयपुर के सवाई मानसिंह (SMS) हॉस्पिटल के ट्रॉमा सेंटर में रविवार देर रात बड़ा हादसा हो गया। देर रात करीब 11 बजकर 20 मिनट पर ट्रॉमा सेंटर के न्यूरो आईसीयू वार्ड के स्टोर रूम में अचानक आग लग गई। हादसे में 8 मरीजों की मौत हो गई, जिनमें 3 महिलाएं भी शामिल हैं।
डॉक्टरों के अनुसार, आग लगने के समय आईसीयू में 11 मरीज भर्ती थे, जबकि बगल के आईसीयू में 13 अन्य मरीज मौजूद थे। आग तेजी से फैलने के कारण वार्ड में अफरा-तफरी मच गई। स्टाफ ने तत्काल मरीजों को बाहर निकालने की कोशिश की, लेकिन घना धुआं और तेज लपटों के चलते कई मरीजों की जान नहीं बचाई जा सकी।
शॉर्ट सर्किट से लगी आग का अनुमान
ट्रॉमा सेंटर के नोडल ऑफिसर और सीनियर डॉक्टर ने बताया कि प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। बताया गया कि आग स्टोर रूम में रखे पेपर, आईसीयू उपकरणों और ब्लड सैंपलर ट्यूबों में लगी, जिससे पूरी यूनिट धुएं से भर गई।
सरकार ने बनाई छह सदस्यीय जांच कमेटी
राज्य सरकार ने इस भीषण अग्निकांड की जांच के लिए छह सदस्यीय उच्चस्तरीय कमेटी का गठन किया है। कमेटी आग लगने के कारण, सुरक्षा प्रबंधन में हुई चूक और राहत-बचाव कार्यों की समीक्षा कर अपनी रिपोर्ट जल्द सौंपेगी।
