फ्लोरिडा। अमेरिका में स्कूलों में गोलीबारी की घटनाएं आम होती जा रही हैं। इसी खतरे को देखते हुए कई राज्यों के स्कूलों में छात्रों की ऑनलाइन गतिविधियों पर नजर रखने के लिए सर्विलांस सिस्टम लगाए गए हैं। ऐसा ही एक मामला फ्लोरिडा के एक स्कूल से सामने आया है, जहां एक छात्र ने एआई चैटबॉट ChatGPT से दोस्त की हत्या का तरीका पूछा।
जानकारी के अनुसार, छात्र ने ChatGPT पर लिखा — “क्लास के बीच में दोस्त की हत्या कैसे करें?”
यह संदेश तुरंत स्कूल के ऑनलाइन मॉनिटरिंग सिस्टम की पकड़ में आ गया। गैगल (Gaggle) नाम की कंपनी द्वारा चलाए जा रहे इस सिस्टम ने संदिग्ध कीवर्ड्स को पहचानते हुए स्कूल प्रशासन और पुलिस को अलर्ट कर दिया।
जब छात्र से पूछताछ की गई तो उसने कहा कि उसका दोस्त उसे बार-बार परेशान कर रहा था, इसलिए वह उसे भी उसी तरह परेशान करना चाहता था। अधिकारियों ने इस बयान को हल्के में नहीं लिया और बच्चे को काउंटी जेल भेज दिया। फिलहाल, उस पर कौन-सा मामला दर्ज किया गया है, इसकी पुष्टि नहीं की गई है।
स्कूल प्रशासन ने छात्र के माता-पिता को बुलाकर समझाया कि इस तरह की ऑनलाइन गतिविधियां गंभीर परेशानी का कारण बन सकती हैं।
अमेरिका के कई प्रांतों में अब स्कूल स्तर पर गैगल सर्विलांस सिस्टम लगाया गया है, जो छात्रों के ईमेल, चैट और एआई टूल्स जैसे Google Gemini, ChatGPT आदि पर नजर रखता है। सिस्टम कीवर्ड्स को स्कैन करके किसी भी संदिग्ध गतिविधि की रिपोर्ट स्कूल अथॉरिटी को भेज देता है।
हाल के महीनों में कई ऐसे मामले सामने आए हैं, जिनमें अपराध या आत्महत्या की घटनाओं में एआई चैटबॉट्स के दुरुपयोग की बात सामने आई है। इस घटना ने एक बार फिर यह बहस छेड़ दी है कि डिजिटल सुरक्षा और निजता के बीच संतुलन कैसे बनाया जाए।
