आरकेएम पावर प्लांट लिफ्ट हादसा: 4 मजदूरों की मौत, 6 गंभीर घायल – 8 अधिकारियों पर आपराधिक मामला दर्ज

जांजगीर-चांपा, आरकेएम पावर प्लांट में मंगलवार शाम को एक दिल दहला देने वाली घटना में ऊंचाई से काम कर रही लिफ्ट अचानक गिर गई, जिसमें 4 मजदूरों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 6 मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों का इलाज स्थानीय अस्पताल में जारी है, जहां कुछ की हालत नाजुक बताई जा रही है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार यह हादसा बॉयलर की मरम्मत कार्य के दौरान हुआ, जब मजदूरों से भरी लिफ्ट अचानक टूटकर नीचे गिर पड़ी। हादसे के तुरंत बाद हड़कंप मच गया और राहत-बचाव कार्य शुरू किया गया।

प्लांट प्रबंधन की लापरवाही उजागर

हादसे के बाद सामने आई प्रारंभिक जानकारी में यह स्पष्ट हुआ है कि सुरक्षा मानकों की अनदेखी की गई थी। जिला प्रशासन और पुलिस ने इस लापरवाही को गंभीरता से लेते हुए आरकेएम पावर प्लांट के 8 वरिष्ठ अधिकारियों के खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज किया है।

पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 106 (1), 289 एवं 3 (5) के तहत मामला दर्ज किया है। जिन अधिकारियों के खिलाफ केस दर्ज हुआ है, उनमें शामिल हैं:

कंपनी के ओनर/डायरेक्टर डॉ. अंडल अरमुगम

डायरेक्टर टीएम सिंगरवेल

प्लांट हेड एवं एडिशनल डायरेक्टर

फैक्ट्री मैनेजर सम्मुख राव

बॉयलर एवं टर्बाइन मेंटेनेंस हेड कमलेश कुमार अग्रवाल

सेफ्टी ऑफिसर मनोज राउत

पी एंड एम मेंटेनेंस अधिकारी वेसलीमणि

लिफ्ट इंजीनियर कृष्णा गौरव

मजिस्ट्रियल जांच के आदेश

घटना को गंभीर मानते हुए जांजगीर-चांपा जिले के कलेक्टर अमृत विकास तोपनो ने मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए हैं। डभरा एसडीएम के नेतृत्व में एक जांच समिति गठित की गई है, जो 30 दिनों के भीतर घटना की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी और दोषियों की जिम्मेदारी तय कर उनके विरुद्ध कार्रवाई की अनुशंसा करेगी।

मजदूरों की जिंदगी से खिलवाड़

इस हादसे ने एक बार फिर औद्योगिक सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है। मजदूर संगठनों ने घटना पर रोष व्यक्त करते हुए मांग की है कि दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो और पीड़ित परिवारों को पर्याप्त मुआवजा तथा घायलों को बेहतर चिकित्सा सुविधा दी जाए।