म्यूचुअल फंड आज निवेशकों के बीच सबसे लोकप्रिय निवेश विकल्पों में से एक बन चुका है। खासकर सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (SIP) के जरिए लोग छोटी-छोटी रकम निवेश कर लंबे समय में बड़ा फंड तैयार कर रहे हैं। SIP की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें एकमुश्त बड़ी राशि लगाने की जरूरत नहीं होती और नियमित निवेश से कंपाउंडिंग का लाभ मिलता है।
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₹1000 की SIP से कितना बनेगा फंड?
अगर कोई निवेशक हर महीने ₹1000 की SIP करता है और इसे 15 साल तक जारी रखता है, तो कैलकुलेशन कुछ इस तरह होगा—
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मासिक निवेश: ₹1000
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निवेश अवधि: 15 साल
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कुल निवेश राशि: ₹1,80,000
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अनुमानित रिटर्न (12% सालाना): ₹3,25,000
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15 साल बाद कुल फंड वैल्यू: लगभग ₹5,05,000
यानी सिर्फ ₹1.80 लाख के निवेश पर करीब ₹3.25 लाख का रिटर्न मिल सकता है। यही वजह है कि SIP को लंबी अवधि के लिए सबसे बेहतर निवेश विकल्प माना जाता है।
इस साल का सबसे ज्यादा रिटर्न देने वाला म्यूचुअल फंड
अब बात करते हैं उस म्यूचुअल फंड की, जिसने इस साल निवेशकों को चौंकाने वाला रिटर्न दिया है। DSP वर्ल्ड गोल्ड माइनिंग ओवरसिज इक्विटी ओमनी FoF ने एक साल में 134 फीसदी से ज्यादा रिटर्न दर्ज किया है।
फंड की प्रमुख होल्डिंग्स
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75% – ब्लैक रॉक ग्लोबल फंड्स – वर्ल्ड गोल्ड फंड (क्लास 12 USD शेयर्स)
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24.49% – वैनएक गोल्ड माइनर्स ETF
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1.54% – REPS / रिवर्स रेपो निवेश
फंड की बेसिक डिटेल्स
| पैरामीटर | आंकड़े |
|---|---|
| एक्सपेंस रेश्यो | 1.64% |
| स्टैंडर्ड डेविएशन | 33.42% |
| शार्प रेश्यो | 2.92% |
विशेषज्ञों के मुताबिक, गोल्ड माइनिंग से जुड़े फंड्स में उतार-चढ़ाव ज्यादा होता है, लेकिन सही समय और रणनीति के साथ निवेश करने पर यह शानदार रिटर्न भी दे सकते हैं।
निवेश से पहले ध्यान रखें
म्यूचुअल फंड में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन होता है। SIP लंबी अवधि में बेहतर रिटर्न दे सकता है, लेकिन किसी भी फंड में निवेश से पहले उसके रिस्क, रिटर्न और अपने वित्तीय लक्ष्य को जरूर समझें।
