इसरो का पीएसएलवी-सी62 मिशन: 22.5 घंटे की उल्टी गिनती शुरू, सोमवार को होगा 2026 का पहला लॉन्च

भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने अपने बहुप्रतीक्षित पीएसएलवी-सी62 मिशन के प्रक्षेपण के लिए साढ़े 22 घंटे की उल्टी गिनती रविवार को शुरू कर दी है। इस मिशन के साथ इसरो वर्ष 2026 का अपना पहला अंतरिक्ष मिशन लॉन्च करने जा रहा है।

पीएसएलवी-सी62 रॉकेट के जरिए अर्थ ऑब्जर्वेशन सैटेलाइट (EOS-N1) सहित कुल 15 उपग्रहों को अंतरिक्ष में स्थापित किया जाएगा। यह मिशन इसरो की वाणिज्यिक शाखा न्यू स्पेस इंडिया लिमिटेड (NSIL) द्वारा संचालित किया जा रहा है।

दोपहर 12.48 बजे शुरू हुई उल्टी गिनती

इसरो के अधिकारियों के अनुसार, 260 टन वजन वाले पीएसएलवी-सी62 रॉकेट की उल्टी गिनती रविवार दोपहर 12.48 बजे शुरू हुई। मिशन का प्रक्षेपण पहले सोमवार सुबह 10.17 बजे प्रस्तावित था, जिसे मामूली बदलाव के साथ अब पूर्वाह्न 10.18 बजे के लिए पुनर्निर्धारित किया गया है।

पृथ्वी अवलोकन क्षमता को मिलेगी मजबूती

EOS-N1 सैटेलाइट से पृथ्वी अवलोकन (Earth Observation) से जुड़ी इसरो की क्षमताओं को और मजबूती मिलने की उम्मीद है। इसके साथ भेजे जा रहे अन्य 14 उपग्रह विभिन्न तकनीकी और वैज्ञानिक उद्देश्यों के लिए उपयोग में लाए जाएंगे।

इस मिशन को इसरो के लिए वर्ष 2026 की एक अहम शुरुआत माना जा रहा है। लॉन्च के सफल होने पर भारत की अंतरिक्ष और वाणिज्यिक लॉन्च क्षमताओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और मजबूती मिलेगी।