महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार अब पंचतत्व में विलीन हो गए हैं। पुणे जिले के बारामती स्थित विद्या प्रतिष्ठान के खेल मैदान में पूरे राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। 66 वर्षीय अजित पवार का अंतिम संस्कार मंगलवार दोपहर करीब 12 बजकर 10 मिनट पर संपन्न हुआ।
इससे पहले सुबह करीब 9 बजे उनके पैतृक गांव काटेवाडी से अंतिम यात्रा शुरू हुई, जो लगभग 6 किलोमीटर का सफर तय करते हुए बारामती पहुंची। अंतिम यात्रा के दौरान भारी संख्या में समर्थक, पार्टी कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे। हर तरफ शोक और गमगीन माहौल देखने को मिला।
अजित पवार के पार्थिव शरीर को राष्ट्रीय ध्वज में लपेटकर अंतिम संस्कार स्थल तक लाया गया। राज्य सरकार की ओर से उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। पुलिस दल और प्रशासनिक अधिकारियों ने राजकीय परंपराओं के अनुसार अंतिम सलामी दी।
इस अवसर पर कई प्रमुख राष्ट्रीय नेता भी मौजूद रहे। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन ने अंतिम संस्कार में शामिल होकर अजित पवार को श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके अलावा राज्य सरकार के मंत्री, विधायक, वरिष्ठ अधिकारी और विभिन्न राजनीतिक दलों के नेता भी कार्यक्रम में उपस्थित रहे।
अजित पवार के निधन से महाराष्ट्र की राजनीति में एक बड़ा शून्य पैदा हो गया है। वे लंबे समय तक राज्य की राजनीति का एक प्रभावशाली चेहरा रहे और अपने स्पष्ट फैसलों व मजबूत प्रशासनिक पकड़ के लिए जाने जाते थे।
