भिलाई। भिलाई से कांग्रेस विधायक देवेंद्र यादव को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। हाईकोर्ट में लंबित चुनावी याचिका को खारिज कराने की मांग को लेकर दायर उनकी विशेष अनुमति याचिका (SLP) सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई के बाद खारिज कर दी है।
इससे पहले हाईकोर्ट ने भी उनकी याचिका को ठुकराते हुए चुनाव याचिका को सुनवाई योग्य माना था।
क्या है मामला?
भिलाई विधानसभा क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी रहे पूर्व विधानसभा अध्यक्ष प्रेम प्रकाश पांडेय चुनाव हार गए थे। इसके बाद उन्होंने हाईकोर्ट में चुनाव याचिका दायर कर देवेंद्र यादव की विधायकी को चुनौती दी थी।
याचिका में आरोप लगाया गया है कि नामांकन पत्र में देवेंद्र यादव ने आपराधिक मामलों और संपत्ति संबंधी जानकारी छिपाई। यह भी कहा गया कि प्रत्याशियों को चुनाव आयोग के समक्ष शपथपत्र में आपराधिक प्रकरण और संपत्ति का पूरा विवरण देना अनिवार्य होता है। जानकारी छिपाना जनप्रतिनिधित्व कानून का उल्लंघन है और ऐसे में निर्वाचन शून्य घोषित किया जा सकता है।
हाईकोर्ट का रुख
हाईकोर्ट ने प्रेम प्रकाश पांडेय की चुनाव याचिका स्वीकार करते हुए उसे सुनवाई योग्य माना था। वहीं, देवेंद्र यादव ने सिविल प्रक्रिया संहिता के आदेश 7 नियम 11 के तहत याचिका खारिज करने की मांग की थी, जिसे कोर्ट ने अस्वीकार कर दिया।
सुप्रीम कोर्ट में क्या हुआ?
हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ देवेंद्र यादव ने सुप्रीम कोर्ट में विशेष अनुमति याचिका दायर की थी। प्रारंभिक सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव याचिका पर स्टे दिया था।
हालांकि, सभी पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अब सुप्रीम कोर्ट ने भी विधायक देवेंद्र यादव की एसएलपी खारिज कर दी है।
इस फैसले के बाद अब हाईकोर्ट में लंबित चुनावी याचिका पर आगे सुनवाई का रास्ता साफ हो गया है।
