TET को लेकर शिक्षकों को बड़ी राहत, शिक्षा मंत्री ने परीक्षा आयोजित कराने पर जताई सहमति

रायपुर 26 अगस्त 2026 :  छत्तीसगढ़ में TET को लेकर आंदोलनरत शिक्षकों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। शिक्षक संगठनों के साथ हुई बैठक में शिक्षा मंत्री ने विभागीय TET आयोजित कराने पर सरकार की सहमति जताई है। बैठक में शिक्षा मंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार शिक्षकों की सेवा सुरक्षा को लेकर प्रतिबद्ध है और सुप्रीम कोर्ट द्वारा निर्धारित योग्यता के दायरे में शिक्षकों को लाने के लिए विभागीय परीक्षा आयोजित कराने की दिशा में आगे बढ़ेगी।

शिक्षा मंत्री के साथ शिक्षक संगठनों की बैठक में TET समेत शिक्षकों की विभिन्न मांगों पर विस्तार से चर्चा हुई। शिक्षक संगठनों ने सरकार से TET को लेकर स्पष्ट रुख जानना चाहा। इस पर शिक्षा मंत्री ने आश्वस्त किया कि शिक्षकों के लिए विशेष TET आयोजित की जाएगी। यह परीक्षा सामान्य TET से अलग विभागीय स्तर पर शिक्षा विभाग की ओर से आयोजित कराई जाएगी।

विभागीय TET की प्रक्रिया तैयार करने के निर्देश
बैठक के दौरान शिक्षा मंत्री ने अधिकारियों को विभागीय TET के संबंध में आवश्यक प्रक्रिया तैयार करने के निर्देश भी दिए। सरकार की ओर से कहा गया कि शिक्षकों की सेवा सुरक्षित रहे, इसके लिए सभी संभावित विकल्पों पर विचार किया जा रहा है।

शिक्षा मंत्री ने कहा कि सरकार शिक्षकों के हितों का ध्यान रखेगी। सुप्रीम कोर्ट की ओर से निर्धारित योग्यता संबंधी प्रावधानों के दायरे में शिक्षकों को लाने के लिए विभागीय परीक्षा का विकल्प अपनाया जा सकता है। इससे TET से प्रभावित शिक्षकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद जगी है।

प्रमोशन में TET की अनिवार्यता पर अभी फैसला नहीं
बैठक में प्रमोशन में TET की अनिवार्यता का मुद्दा भी उठाया गया। इस पर शिक्षा मंत्री ने कहा कि मामले में विधि विभाग से चर्चा करना आवश्यक है। विधि विभाग से राय लेने के बाद ही इस संबंध में अंतिम निर्णय लिया जाएगा।

इस मुद्दे पर फिलहाल सरकार की ओर से कोई अंतिम फैसला नहीं हुआ है। शिक्षक संगठनों ने मांग की है कि पदोन्नति प्रक्रिया में भी शिक्षकों के हितों को ध्यान में रखा जाए।

वित्तीय मांगों पर वित्त मंत्री से चर्चा का आश्वासन
बैठक में शिक्षकों की वित्तीय मांगों पर भी चर्चा हुई। शिक्षा मंत्री ने आश्वासन दिया कि इन मांगों को लेकर जल्द ही वित्त मंत्री से चर्चा की जाएगी। साथ ही शिक्षक संगठनों से भी अपनी वित्तीय मांगों को वित्त मंत्री के सामने रखने का आग्रह किया गया।

करीब 20 से 25 मिनट चली बैठक में शिक्षक संगठनों ने अपनी विभिन्न मांगें शिक्षा मंत्री के सामने रखीं। मंत्री ने सभी मांगों पर बारी-बारी से चर्चा की और शिक्षकों के हित में सकारात्मक तरीके से विचार करने का भरोसा दिलाया।

शिक्षक संघर्ष मोर्चा ने बताया सकारात्मक रुख
बैठक के बाद शिक्षक संघर्ष मोर्चा के प्रांतीय संचालक केदार जैन, वीरेंद्र दुबे और संजय शर्मा ने सरकार के रुख को TET प्रभावित शिक्षकों के लिए सकारात्मक बताया।

शिक्षक नेताओं ने कहा कि सरकार ने विभागीय TET कराने को लेकर सकारात्मक आश्वासन दिया है। अब उम्मीद है कि सरकार अपने आश्वासन का जल्द से जल्द क्रियान्वयन करेगी। उन्होंने कहा कि शिक्षकों की सेवा सुरक्षा सुनिश्चित होना सबसे महत्वपूर्ण है और सरकार को इस दिशा में ठोस कदम उठाना चाहिए।

शिक्षक नेताओं के मुताबिक, बैठक में उनकी सभी पांच प्रमुख मांगों पर चर्चा हुई है। उन्होंने कहा कि संगठन अपनी मांगों को लेकर गंभीर हैं और जरूरत पड़ने पर आगे भी सरकार और शिक्षा मंत्री के सामने अपनी बात रखते रहेंगे।

TET विवाद में आगे क्या?
शिक्षा मंत्री की ओर से विभागीय TET आयोजित कराने की सहमति को शिक्षक आंदोलन के लिहाज से महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है। हालांकि, अभी विभागीय TET की तारीख, पाठ्यक्रम, पात्रता और परीक्षा की विस्तृत प्रक्रिया सामने नहीं आई है। इन बिंदुओं पर शिक्षा विभाग की ओर से प्रक्रिया तैयार किए जाने के बाद स्थिति और स्पष्ट होगी।

फिलहाल शिक्षक संगठनों की नजर सरकार के अगले कदम पर है। संगठनों का कहना है कि केवल आश्वासन नहीं, बल्कि विभागीय TET की प्रक्रिया जल्द शुरू कराकर शिक्षकों की सेवा सुरक्षा को सुनिश्चित किया जाना चाहिए।