यमन की हज्म जेल पर एयरस्ट्राइक का आरोप, 7 की मौत; मलबे में दबे 36 लोगों की तलाश जारी

नई दिल्ली 08 सितम्बर 2026 : यमन में जारी संघर्ष के बीच एक बार फिर हवाई हमले से हड़कंप मच गया है। हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब पर उत्तरी यमन के अल-जौफ प्रांत में स्थित एक जेल पर एयरस्ट्राइक करने का आरोप लगाया है। इस हमले में कम से कम 7 लोगों की मौत होने की बात कही जा रही है, जिसमें एक बच्चा भी शामिल है। वहीं, जेल के मलबे में 35 कैदियों और अपने पति से मिलने पहुंची एक महिला के फंसे होने का दावा किया गया है।

जेल का एक हिस्सा मलबे में तब्दील

जानकारी के मुताबिक, हमला अल-जौफ प्रांत के हज्म शहर स्थित सेंट्रल करेक्टिव फैसिलिटी में हुआ। एयरस्ट्राइक के बाद जेल का एक हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त होकर मलबे में तब्दील हो गया। घटना के बाद राहत और बचाव दल मौके पर पहुंचा और मलबा हटाकर लोगों की तलाश शुरू कर दी गई।

मलबे में फंसे लोगों की तलाश जारी

हूती संचालित स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, हमले के बाद 35 कैदी और एक महिला मलबे के नीचे फंसे हो सकते हैं। रेस्क्यू टीमें लगातार मलबा हटाने में जुटी हैं। अधिकारियों को आशंका है कि बचाव अभियान आगे बढ़ने के साथ मृतकों और घायलों की संख्या बढ़ सकती है।

सऊदी अरब की ओर से तत्काल प्रतिक्रिया नहीं

हूती विद्रोहियों ने हमले के लिए सऊदी अरब को जिम्मेदार ठहराया है, लेकिन सऊदी अरब की ओर से इन आरोपों पर तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं दी गई। इसलिए हमले की जिम्मेदारी को लेकर हूती पक्ष के दावे की स्वतंत्र पुष्टि फिलहाल नहीं हो सकी है।

हूती प्रवक्ता ने ड्रोन गिराने का भी किया दावा

हूती सैन्य प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल याह्या सरी ने दावा किया कि हूती बलों ने पिछले 24 घंटों में सऊदी अरब के चार टोही ड्रोन मार गिराए हैं। हालांकि, इस दावे की भी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।

यमन की जंग में पहले भी जेल बनीं निशाना

यमन के लंबे समय से चले आ रहे संघर्ष में जेल और डिटेंशन सेंटर पहले भी हमलों का शिकार हो चुके हैं। 2022 में सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन के सादा स्थित एक डिटेंशन सेंटर पर हुए हमले में कम से कम 87 लोगों की मौत की बात सामने आई थी। ऐसे में ताजा हमला एक बार फिर यमन में आम नागरिकों और बंदियों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा रहा है।