नई दिल्ली 08 October 2026 : महादेव ऑनलाइन बेटिंग ऐप सिंडिकेट मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) की चार्जशीट से बड़ा खुलासा हुआ है। टीवी एंकर और बिग बॉस की पूर्व कंटेस्टेंट शेफाली बग्गा ने कथित तौर पर महादेव बेटिंग ऐप के प्रमोशन से मिली रकम में से 1.20 करोड़ रुपये स्वेच्छा से ED को सौंप दिए हैं। एजेंसी की जांच के मुताबिक, शेफाली बग्गा को अवैध ऑनलाइन बेटिंग ऐप के प्रमोशनल वीडियो बनाने के लिए कुल करीब 1.50 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया था।
प्रमोशनल वीडियो के बदले मिले थे 1.50 करोड़ रुपये
ED की जांच में सामने आया है कि शेफाली बग्गा को महादेव ऑनलाइन बेटिंग ऐप सिंडिकेट से जुड़े लोगों की ओर से ऐप के प्रचार के लिए भुगतान किया गया था। चार्जशीट के अनुसार, प्रमोशनल वीडियो तैयार करने के लिए उन्हें करीब 1.50 करोड़ रुपये मिले थे।
पूछताछ के दौरान शेफाली बग्गा ने एजेंसी को 1.20 करोड़ रुपये की रकम वापस सौंप दी। बताया गया है कि उन्होंने ED के सामने यह दावा किया कि उन्हें इस बात की जानकारी नहीं थी कि जिस ऐप का वह प्रचार कर रही थीं, वह अवैध गतिविधियों से जुड़ा हुआ है।
अपराध की आय लौटाने का बताया जा रहा है पहला मामला
ED की चार्जशीट में शेफाली बग्गा से जुड़ा यह घटनाक्रम इसलिए भी अहम माना जा रहा है क्योंकि यह उन शुरुआती मामलों में से एक हो सकता है, जहां किसी व्यक्ति ने कथित तौर पर अवैध सिंडिकेट से प्राप्त रकम को जांच एजेंसी को स्वेच्छा से वापस किया है।
शेफाली बग्गा की सोशल मीडिया पर बड़ी फैन फॉलोइंग है और वह टीवी प्रेजेंटर के साथ-साथ रियलिटी शो बिग बॉस में भी नजर आ चुकी हैं।
42 लोगों के खिलाफ चार्जशीट
महादेव ऑनलाइन बेटिंग ऐप सिंडिकेट की जांच के तहत ED ने हाल में 42 लोगों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की है। इसमें Ebix ग्रुप के चेयरमैन विकास गर्ग का नाम भी शामिल है। जांच एजेंसी के अनुसार, गर्ग को पहले गिरफ्तार किया जा चुका है और उनकी गिरफ्तारी से पहले करीब 940 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्तियां कुर्क की गई थीं।
ED का आरोप है कि विकास गर्ग महादेव बेटिंग सिंडिकेट से कथित तौर पर प्राप्त अपराध की आय को मास्टरमाइंड हरिशंकर तिब्रेवाल के जरिए अपनी कंपनियों तक पहुंचा रहे थे।
शेयरों की कीमतों में हेरफेर का आरोप
जांच एजेंसी के मुताबिक, हरिशंकर तिब्रेवाल ने कथित तौर पर FPI और बॉन्ड के माध्यम से महादेव बेटिंग सिंडिकेट और स्काई एक्सचेंज बेटिंग सिंडिकेट से जुड़ी सैकड़ों करोड़ रुपये की रकम विकास गर्ग की कंपनियों में भेजी।
ED का आरोप है कि इस रकम का इस्तेमाल कुछ अन्य लोगों के साथ मिलकर गर्ग की कई लिस्टेड कंपनियों के शेयरों की कीमतों में कथित हेरफेर के लिए किया गया।
EaseMyTrip के प्रमोटर निशांत पिट्टी का भी नाम
ED की चार्जशीट में EaseMyTrip के प्रमोटर निशांत पिट्टी का नाम भी शामिल है। एजेंसी का आरोप है कि निशांत पिट्टी ने हरिशंकर तिब्रेवाल से प्राप्त करीब 59 करोड़ रुपये की कथित अपराध की आय को आगे बढ़ाया।
बॉलीवुड सेलेब्स भी ED की जांच के दायरे में
महादेव बेटिंग ऐप मामले में ED पहले भी कई बॉलीवुड हस्तियों को पूछताछ के लिए समन जारी कर चुकी है। जांच के दायरे में अभिनेता, अभिनेत्री, परफॉर्मर और गायक समेत कई चर्चित नाम आए हैं।
आरोप है कि इनमें से कुछ हस्तियों ने महादेव सिंडिकेट के प्रमोटरों या उनके सहयोगियों के निमंत्रण पर विदेशों में आयोजित कार्यक्रमों में हिस्सा लिया था। वहीं कुछ लोगों पर वीडियो और सोशल मीडिया क्लिप के जरिए ऑनलाइन बेटिंग सिंडिकेट का कथित प्रचार करने का आरोप है।
महादेव बेटिंग सिंडिकेट की अपराध की आय 75 हजार करोड़ से ज्यादा
ED की लेटेस्ट चार्जशीट के मुताबिक, महादेव ऑनलाइन बेटिंग सिंडिकेट से जुड़ी कथित अपराध की आय 75,000 करोड़ रुपये से अधिक है। एजेंसी को आशंका है कि वास्तविक रकम इससे भी ज्यादा हो सकती है।
महादेव बेटिंग ऐप मामले में सौरभ चंद्राकर और रवि उप्पल समेत कई कथित प्रमोटर अभी भी फरार बताए जा रहे हैं। ED अब तक इस मामले में छह चार्जशीट दाखिल कर चुकी है।
