दिवाली की सफाई और पेंटिंग में न करें ये भूल, सेहत पर पड़ सकता है असर

दीपावली का त्योहार नजदीक आते ही लोग अपने घरों को नया और सुंदर बनाने की तैयारी में जुट जाते हैं. कोई घर की पुताई कराता है, तो कोई दीवारों को आकर्षक रंगों से सजाने की योजना बनाता है लेकिन क्या आप जानते हैं कि घर की दीवारों पर महंगे से महंगा पेंट कराने के बावजूद कुछ ही महीनों में रंग उखड़ने लगता है या दीवारों की चमक फीकी पड़ जाती है. इसकी सबसे बड़ी वजह पेंट की गुणवत्ता ही नहीं बल्कि पुताई से पहले दीवारों की सही तरीके से सफाई, घिसाई और मरम्मत नहीं करना भी हो सकता है.

छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में पिछले 16 वर्षों से घरों की पुताई का काम कर रहे पीताम्बर रजक लोकल 18 को बताते हैं कि दीपावली पर घर को नया लुक देने के लिए सिर्फ अच्छे रंग का चुनाव करना पर्याप्त नहीं है. पेंट कराने से पहले दीवारों की स्थिति को समझना, पुराने पेंट की घिसाई करना, उखड़ी हुई पुट्टी को ठीक करना, दरारों को भरना और सीलन की समस्या का समाधान करना बेहद जरूरी है. यदि इन बातों को नजरअंदाज कर दिया जाए, तो महंगा पेंट और पुट्टी लगाने के बाद भी मनचाहा परिणाम नहीं मिलता. आइए जानते हैं कि दीवाली पर घर की पुताई कराने से पहले किन जरूरी बातों का ध्यान रखना चाहिए ताकि दीवारें लंबे समय तक सुंदर, चमकदार और टिकाऊ बनी रहें.

पुराने पेंट पर नया रंग लगाने से पहले करें घिसाई

पीताम्बर रजक के मुताबिक, घर की पुताई शुरू करने से पहले दीवारों की अच्छी तरह साफ-सफाई करना बेहद जरूरी है. कई बार दीवारों पर धूल, गंदगी और पुराने पेंट की परत जमा रहती है. कुछ जगहों पर पुट्टी उखड़ने लगती है, तो कहीं पुराना रंग दीवार से अलग होने लगता है. ऐसी स्थिति में बिना सफाई किए सीधे नया पेंट या पुट्टी लगा देना सही तरीका नहीं है. पहले दीवारों की स्थिति की जांच करनी चाहिए और जहां पेंट या पुट्टी उखड़ी हुई हो, वहां उसे हटाकर सतह को समतल करना चाहिए. इससे नया रंग दीवार पर बेहतर तरीके से चढ़ता है और उसकी फिनिशिंग भी अच्छी आती है.

अगर घर की दीवारों पर पहले से पेंट लगा हुआ है, तो दोबारा रंग कराने से पहले उसकी स्थिति देखना जरूरी है. पुराना पेंट मजबूत है या कई जगह से उखड़ रहा है, इसके आधार पर तैयारी करनी चाहिए. दीवारों पर मौजूद उखड़े रंग और असमान पुट्टी को घिसाई यानी सैंडिंग की मदद से ठीक किया जा सकता है. इससे दीवार की सतह बराबर होती है और नया रंग लगाने पर बेहतर चमक और फिनिश मिलती है. जरूरत के अनुसार सतह तैयार करने के बाद उपयुक्त प्राइमर लगाकर नया पेंट किया जा सकता है. हालांकि, प्राइमर का चुनाव दीवार और पेंट के प्रकार के हिसाब से करना चाहिए.

दीवारों की दरारों को न करें नजरअंदाज

अक्सर घरों की दीवारों पर छोटी-छोटी दरारें दिखाई देती हैं. लोग इन्हें सामान्य समझकर सीधे पेंट करा देते हैं लेकिन कुछ समय बाद उन्हीं जगहों पर दरारें दोबारा नजर आने लगती हैं. पीताम्बर रजक बताते हैं कि पेंटिंग से पहले दीवारों की दरारों की पहचान कर उनकी उचित मरम्मत करनी चाहिए. छोटी और सतही दरारों के लिए दीवार के अनुकूल क्रैक फिलर या क्रैक सील उत्पाद का इस्तेमाल किया जा सकता है. इससे सतह को समतल बनाने और पेंट की फिनिशिंग बेहतर करने में मदद मिलती है. हालांकि यदि दरारें बड़ी हों या लगातार बढ़ रही हों, तो पहले किसी जानकार से उनकी जांच कराना जरूरी है.

सीलन वाली दीवारों पर डैंप प्रूफ का इस्तेमाल

घर की दीवारों पर सीलन होना पेंट उखड़ने और दीवारों की चमक खराब होने की प्रमुख वजहों में से एक है. अगर दीवार पर नमी है और उसके ऊपर सीधे पुट्टी या पेंट लगा दिया जाता है, तो कुछ समय बाद रंग फूलने, उखड़ने या दाग पड़ने जैसी समस्याएं सामने आ सकती हैं. ऐसे में पुताई से पहले सीलन की वजह का पता लगाना जरूरी है. पीताम्बर रजक के अनुसार, दीवार की स्थिति के हिसाब से डैंप प्रूफ यानी नमी से बचाव करने वाले उत्पाद का इस्तेमाल किया जा सकता है लेकिन केवल उत्पाद लगाने से हर तरह की सीलन दूर नहीं होती. पानी के रिसाव या दीवार में नमी आने के कारण को ठीक करने के बाद ही पेंटिंग का काम करना चाहिए.

प्राइमर और पुट्टी का सही इस्तेमाल

दीवारों की सफाई, घिसाई और मरम्मत के बाद पेंटिंग की अगली प्रक्रिया शुरू करनी चाहिए. जरूरत के अनुसार पुट्टी लगाकर सतह को समतल किया जाता है और उसके बाद उपयुक्त प्राइमर का इस्तेमाल किया जाता है. प्राइमर दीवार की सतह और पेंट के बीच बेहतर पकड़ बनाने में मदद करता है. इससे रंग की फिनिशिंग अच्छी हो सकती है. पुराने पेंट वाली दीवारों पर भी सीधे नया रंग लगाने के बजाय सतह की स्थिति के अनुसार तैयारी करना जरूरी है. सही तरीके से की गई घिसाई, पुट्टी और प्राइमर की प्रक्रिया दीवारों को सुंदर बनाने के साथ पेंट की टिकाऊ क्षमता बेहतर करने में मदद करती है.

हंगा पेंट लगाने से पहले इन बातों का रखें ध्यान

पीताम्बर रजक का कहना है कि घर की पुताई में सिर्फ महंगे पेंट का इस्तेमाल करना ही पर्याप्त नहीं है. अगर दीवार की सफाई, घिसाई, दरारों की मरम्मत और सीलन की समस्या पर ध्यान नहीं दिया गया, तो कुछ ही समय में पेंट खराब हो सकता है, इसलिए दीपावली पर पुताई कराने से पहले दीवारों की स्थिति की जांच कराएं और जरूरत के अनुसार सही सामग्री का इस्तेमाल करें. पेंट, प्राइमर, पुट्टी और सीलनरोधी उत्पादों को दीवार की जरूरत के अनुसार चुनें. साथ ही प्रत्येक उत्पाद को लगाने और सुखाने के लिए निर्माता के निर्देशों का पालन करें. सही तैयारी से दीवारों की खूबसूरती निखरती है और पेंट लंबे समय तक बेहतर बना रह सकता है.

दीपावली पर घर की पुताई कराने जा रहे हैं, तो केवल रंग और उसकी कीमत पर ध्यान न दें. दीवारों की साफ-सफाई, पुराने पेंट की घिसाई, दरारों की मरम्मत, सीलन का समाधान और सही प्राइमर का इस्तेमाल भी उतना ही महत्वपूर्ण है. पीताम्बर रजक की सलाह है कि दीवारों की सही तैयारी ही अच्छी पुताई की नींव है. इन बातों का ध्यान रखकर आप अपने घर को दीपावली पर नया और आकर्षक लुक दे सकते हैं.