दिवाली की खुशियां मातम में बदलीं! करंट ने छीनी पिता-पुत्र की जिंदगी, सदमे में मां ने भी तोड़ा दम

बलौदाबाजार 07 नवंबर 2026 :  छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले से एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है। दिवाली की खुशियां एक ही परिवार के लिए जिंदगीभर का दर्द बन गईं। शुक्रवार को करंट लगने से पिता और पुत्र की मौत हो गई थी, जबकि गंभीर रूप से झुलसी महिला ने भी आज इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। इस हादसे में अब एक ही परिवार के तीन लोगों की जान चली गई है। घटना के बाद पूरे इलाके में शोक का माहौल है।

जानकारी के मुताबिक, हादसे के दौरान घर में करंट फैलने से पिता-पुत्र उसकी चपेट में आ गए थे। दोनों को बचाने की कोशिश में महिला भी गंभीर रूप से झुलस गई थी। घटना के बाद सभी को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन पिता और पुत्र को बचाया नहीं जा सका। वहीं महिला की हालत गंभीर होने के कारण उसका इलाज जारी था। आखिरकार उसने भी उपचार के दौरान दम तोड़ दिया।

करंट की चपेट में आने से पिता-पुत्र की गई थी जान

बताया जा रहा है कि शुक्रवार को परिवार में दिवाली के त्योहार की तैयारियां चल रही थीं। इसी दौरान अचानक करंट लगने की घटना हुई। हादसा इतना गंभीर था कि पिता और पुत्र बुरी तरह इसकी चपेट में आ गए। दोनों की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा।

वहीं घटना में गंभीर रूप से झुलसी महिला को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया था। चिकित्सकों की निगरानी में उसका उपचार चल रहा था, लेकिन तमाम प्रयासों के बावजूद उसकी जान नहीं बचाई जा सकी।

इलाज के दौरान महिला ने भी तोड़ा दम

पिता और पुत्र की मौत के बाद परिवार के लोग महिला के स्वस्थ होने की उम्मीद लगाए बैठे थे। लेकिन शनिवार को इलाज के दौरान महिला की मौत की खबर ने परिजनों को पूरी तरह तोड़ दिया। एक ही हादसे में परिवार के तीन सदस्यों की मौत से पूरे क्षेत्र में मातम छा गया है।

दिवाली की खुशियां मातम में बदलीं

दीपावली का त्योहार जहां घरों में खुशियां, रोशनी और उत्साह लेकर आता है, वहीं इस परिवार के लिए यह त्योहार कभी न भूलने वाला दर्द बन गया। जिस घर में त्योहार की तैयारियां हो रही थीं, वहां अब अपनों को खोने का गम है। घटना की जानकारी मिलने के बाद आसपास के लोग भी शोक जताने पहुंच रहे हैं।

इस दर्दनाक घटना ने एक बार फिर बिजली सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। त्योहारों के दौरान घरों में झालर, लाइट और अन्य विद्युत उपकरणों का इस्तेमाल बढ़ जाता है। ऐसे में खराब वायरिंग, खुले तार और बिजली के उपकरणों में लीकेज जानलेवा साबित हो सकते हैं।