छत्तीसगढ़ के पूर्व उपमुख्यमंत्री एवं कांग्रेस नेता टीएस सिंहदेव के अंबिकापुर स्थित कोठीघर निवास में चोरी की सनसनीखेज वारदात सामने आई है। सरगुजा राजपरिवार के इस ऐतिहासिक निवास से तीन अगस्त की रात करीब 1 बजे एक अज्ञात चोर ने 15 किलो वजनी पीतल की हाथी की मूर्ति चुरा ली। इस मूर्ति की कीमत लगभग 40 हजार रुपये बताई गई है।
घटना के बाद जब कोठीघर के निजी सुरक्षा कर्मियों को चोरी की जानकारी मिली, तो उन्होंने CCTV फुटेज खंगाले। इसमें एक अज्ञात युवक पैलेस के पुराने हिस्से से परिसर में प्रवेश करता और पोर्च से पीतल की मूर्ति उठाकर भागते हुए नजर आ रहा है।
इसके बाद कोठीघर के मैनेजर राज सोनी ने कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराई। थाना प्रभारी मनीष सिंह परिहार ने बताया कि धारा 305, 331(4)-BNS के तहत एफआईआर दर्ज की गई है और पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।
राजपरिवार के निवास में पहली बड़ी चोरी
कोठीघर सरगुजा राजपरिवार का प्रमुख निवास रहा है, जिसे कांग्रेस पार्टी कार्यालय के रूप में भी वर्षों तक उपयोग किया गया। वर्तमान में पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव का मुख्य निवास ‘तपस्या’ है, लेकिन कोठीघर में राजपरिवार के सदस्य समय-समय पर निवास करते हैं।
करीब दो वर्ष पहले कोठीघर का रेनोवेशन किया गया था, उसी दौरान पोर्च पर दो भव्य पीतल की हाथी की मूर्तियां स्थापित की गई थीं। इन्हीं में से एक को अब अज्ञात चोर चुरा ले गया।
घटना के समय टीएस सिंहदेव विदेश प्रवास पर थे। चोर द्वारा सुरक्षा घेरे को चकमा देकर कोठीघर जैसे प्रतिष्ठित परिसर से चोरी करना सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
पुलिस का कहना है कि CCTV फुटेज और अन्य सुरागों के आधार पर चोर की पहचान कर जल्द गिरफ्तारी की जाएगी।
