बिहार में नई सरकार का ब्लूप्रिंट तैयार: नीतीश कुमार 10वीं बार लेंगे शपथ, भाजपा–जदयू में ‘6 विधायकों पर 1 मंत्री’ फॉर्मूला तय

बिहार में सरकार गठन को लेकर बड़ी हलचल के बीच भाजपा और जदयू के बीच फॉर्मूला तय हो गया है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार एक बार फिर—10वीं बार—राज्य की कमान संभालने जा रहे हैं। शनिवार देर रात केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा, जदयू के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय झा और केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन उर्फ ललन सिंह की बैठक में यह सहमति बनी कि
👉 6 विधायक पर 1 मंत्री का फॉर्मूला अपनाया जाएगा।

छोटे दलों को भी मिलेगा प्रतिनिधित्व

एनडीए के सहयोगी दलों—

  • लोजपा (राम विलास)

  • हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा (हम)

  • राष्ट्रीय लोक मोर्चा (आरएलएम)

को भी सरकार में शामिल किया जाएगा। सूत्र बताते हैं कि भाजपा नेतृत्व ने चिराग पासवान, जीतनराम मांझी और उपेंद्र कुशवाहा से भी मंत्रिमंडल हिस्सेदारी को लेकर चर्चा की है।

रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आवास पर शीर्ष नेताओं की बैठक में सरकार के ढांचे को अंतिम रूप देने पर सहमति बनी।

नीतीश देंगे इस्तीफा, फिर चुने जाएंगे नेता

नीतीश कुमार ने सोमवार सुबह मंत्रिपरिषद की अंतिम बैठक बुलाई है। बैठक के बाद वे राज्यपाल को इस्तीफा सौंपेंगे।
इसके बाद—

  • मंगलवार या बुधवार: एनडीए विधायक दल की बैठक, नीतीश दोबारा नेता चुने जाएंगे

  • गुरुवार: नई सरकार के गठन की संभावना

शपथ ग्रहण समारोह पटना के गांधी मैदान में होने की तैयारी है। 17 से 20 नवंबर तक मैदान में आम लोगों के प्रवेश पर रोक लगा दी गई है।

विभागों का बंटवारा लगभग तय

सूत्रों के मुताबिक—

  • गृह विभाग और प्रशासन नीतीश कुमार के पास ही रहेगा

  • वित्त विभाग पहले की तरह भाजपा के पास

  • अन्य विभागों पर सहयोगी दलों के साथ अलग बैठक होगी

नीतीश के नेतृत्व पर भाजपा की सहमति

हालांकि भाजपा प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने “अंतिम फैसला केंद्रीय नेतृत्व करेगा” कहकर थोड़ी गुंजाइश छोड़ी, लेकिन सूत्रों का कहना है कि पार्टी के शीर्ष स्तर पर यह पूरी तरह स्पष्ट है कि गठबंधन स्थिर रखने के लिए नीतीश ही सबसे उपयुक्त और अनुभवी चेहरा हैं

चिराग पासवान ने भी नीतीश के नेतृत्व पर सहमति जताते हुए समर्थन का संदेश दिया है। इससे जदयू खेमे में सकारात्मक माहौल बना है।

7 महिला मंत्रियों की एंट्री संभव

नई सरकार में कम से कम 7 महिलाओं को मंत्री पद देने की तैयारी चल रही है। विधानसभा चुनाव में महिलाओं ने एनडीए को भरपूर समर्थन दिया, इसलिए उनकी भागीदारी बढ़ाने का फैसला लगभग तय माना जा रहा है।