बालाघाट जिले में नक्सलियों के साथ हुई मुठभेड़ में हॉक फोर्स के बहादुर इंस्पेक्टर आशीष शर्मा शहीद हो गए। उन्हें गोली लगने के बाद अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उनकी शहादत की पुष्टि एंटी नक्सल ऑपरेशन के डीजीपी पंकज श्रीवास्तव ने की है।
तीन राज्यों का जॉइंट ऑपरेशन
बुधवार को मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ पुलिस ने संयुक्त अभियान चलाया था। सूचना मिली थी कि तीनों राज्यों की सीमा से लगे बोर तालाब क्षेत्र में नक्सलियों का दल छिपा हुआ है।
जैसे ही पुलिस बल वहां पहुंचा, नक्सलियों ने फायरिंग शुरू कर दी। मुठभेड़ के दौरान तीनों टीमों को लीड कर रहे इंस्पेक्टर आशीष शर्मा को गोली लग गई।
परिवार को दी जा रही जानकारी
शहीद आशीष शर्मा के घर समाचार पहुंचाने के लिए नरसिंहपुर एसपी डॉ. ऋषिकेश मीना, एएसपी संदीप भूरिया और पुलिस बल रवाना हो गया है।
एएसपी ने बताया कि परिवार को अभी पूरी जानकारी नहीं दी गई है, सिर्फ शहीद के भाई को बताया गया है। वे पार्थिव शरीर लेने बालाघाट के लिए रवाना हो चुके हैं।
इंस्पेक्टर आशीष शर्मा की शहादत ने प्रदेश में शोक और गर्व दोनों की भावना पैदा कर दी है। नक्सल विरोधी अभियान में यह बलिदान सुरक्षा बलों की कठिन चुनौतियों और उनके अदम्य साहस को दर्शाता है।
