सक्ती। छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले से मानवता को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। नौकरी, कान की बाली और नए कपड़े दिलाने का झांसा देकर एक 20 वर्षीय युवती के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया गया। इस जघन्य अपराध में दो पुरुषों के साथ दो महिलाएं भी शामिल थीं, जिन्होंने अपराध को अंजाम देने में सहयोग किया।
पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने गैंगरेप के दोनों आरोपियों और सहयोग करने वाली दो महिला आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। सभी आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। यह पूरा मामला मालखरौदा थाना क्षेत्र का है।
नौकरी का लालच देकर रची गई साजिश
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, पीड़िता के माता-पिता हैदराबाद में मजदूरी करते हैं और वह गांव में अपने बुजुर्ग दादा-दादी के साथ रहती है। 31 अक्टूबर 2025 की शाम करीब 5 बजे पीड़िता अपने गांव के बड़े तालाब के पास घूमने गई थी। उसी दौरान आरोपी झनकेश्वर चंद्रा, महिला लक्ष्मी महंत उर्फ मुस्कान के साथ बाइक से वहां पहुंचा।
आरोपियों ने पीड़िता को कान की बाली, नए कपड़े और सक्ती में नौकरी दिलाने का झांसा दिया। बातों में आकर पीड़िता उनके साथ बाइक पर बैठ गई। इसके बाद आरोपी उसे झुलकदम स्थित लक्ष्मी महंत के घर ले गए, जहां उसे करीब एक घंटे तक रोके रखा गया।
कमरे में बंद कर किया सामूहिक दुष्कर्म
बाद में काम दिलाने का बहाना बनाकर आरोपी पीड़िता को ग्राम डोंडकी में धनकुंवर यादव के घर ले गए। रात के समय वहां झनकेश्वर चंद्रा और प्रदीप निराला ने पीड़िता को एक कमरे में बंद कर बारी-बारी से उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया।
इस दौरान लक्ष्मी महंत उर्फ मुस्कान और धनकुंवर यादव ने अपने घर में पीड़िता को रखकर अपराध को अंजाम देने में पूरा सहयोग किया।
सभी आरोपी गिरफ्तार, जांच जारी
घटना के बाद पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सभी चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस का कहना है कि मामले में सख्त धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है और आगे की जांच जारी है।
इस घटना के बाद इलाके में आक्रोश और दहशत का माहौल है। पुलिस ने पीड़िता को हर संभव मदद और सुरक्षा देने का आश्वासन दिया है।
