सूरजपुर के सुंदरगंज में शासकीय भूमि से अतिक्रमण हटाने के दौरान बवाल, दो पक्षों में लाठी-डंडे चले, दर्जनभर घायल

सूरजपुर। छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले की लटोरी तहसील अंतर्गत सुंदरगंज गांव में बुधवार को शासकीय भूमि से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान हालात बेकाबू हो गए। करीब 100 एकड़ शासकीय भूमि पर दशकों से चले आ रहे अतिक्रमण को हटाने के दौरान गांव के दो पक्षों में जमकर लाठी-डंडे चले और पथराव हुआ। इस हिंसक झड़प में दर्जन भर से अधिक ग्रामीण घायल हो गए।

पथराव में एक्सीवेटर और पुलिस वाहन क्षतिग्रस्त

ग्रामीणों के बीच हुई मारपीट और पथराव में अतिक्रमण हटाने में लगी एक्सीवेटर मशीन, पुलिस की बस और लटोरी चौकी की बोलेरो वाहन को नुकसान पहुंचा है। घटना के दौरान मौके पर मौजूद भारी पुलिस बल के बावजूद हालात पर तुरंत काबू नहीं पाया जा सका। फिलहाल अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई रोक दी गई है और गांव में तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है।

चार–पांच दशक से था अतिक्रमण

जानकारी के अनुसार सुंदरगंज गांव की लगभग 100 एकड़ शासकीय भूमि पर 22 ग्रामीणों द्वारा पिछले चार से पांच दशक से अतिक्रमण किया गया था। अतिक्रमणकारियों ने भूमि पर मकान निर्माण के साथ-साथ खाली जमीन पर खेती भी कर रखी थी।

ग्राम सभा का प्रस्ताव, जारी हुआ था नोटिस

ग्राम पंचायत प्रशासन ने व्यावसायिक परिसर निर्माण और अन्य विकास कार्यों के लिए भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने हेतु ग्राम सभा में विधिवत प्रस्ताव पारित किया था। इसके बाद अतिक्रमणकारियों को बेदखली नोटिस जारी कर भूमि खाली करने के निर्देश दिए गए थे।
नोटिस मिलने के बाद 7–8 अतिक्रमणकारियों ने स्वयं अवैध निर्माण से सामान हटा लिया था, जबकि शेष लोग अतिक्रमण हटाने को तैयार नहीं थे।

प्रशासन की मौजूदगी में शुरू हुई कार्रवाई

बुधवार को अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के लिए सुरेंद्र सिंह पैकरा (तहसीलदार), शैलेन्द्र दिवाकर, अभिषेक पैकरा और अरुण गुप्ता भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे।
उनकी मौजूदगी में ग्राम पंचायत द्वारा एक्सीवेटर मशीन से खाली किए गए अवैध निर्माणों को हटाने का काम शुरू किया गया। तीन अवैध निर्माण ध्वस्त किए जा चुके थे।

विवाद के बाद हिंसा में बदला माहौल

इसी दौरान अतिक्रमणकारियों और ग्राम पंचायत प्रतिनिधियों के बीच वाद-विवाद शुरू हो गया, जो देखते ही देखते मारपीट और पथराव में बदल गया। दोनों पक्षों के बीच हुई झड़प में कई ग्रामीण घायल हो गए।

कार्रवाई स्थगित, जांच की तैयारी

घटना के बाद प्रशासन ने स्थिति को देखते हुए अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई फिलहाल स्थगित कर दी है। मामले की जांच और घायलों के इलाज की प्रक्रिया जारी है। प्रशासनिक स्तर पर दोषियों के खिलाफ आगे की कार्रवाई पर निर्णय लिया जाएगा।