नकटी विस्थापितों का CM हाउस का घेराव, कांग्रेस बोली- सुनवाई नहीं हुई तो छत्तीसगढ़ बंद

रायपुर 04 जुलाई 2026 :  नकटी गांव के विस्थापितों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर शुक्रवार को राजधानी रायपुर में मुख्यमंत्री निवास (CM हाउस) का घेराव किया। बड़ी संख्या में पहुंचे ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि प्रशासन ने उनकी जमीन का उचित मुआवजा दिए बिना घरों को तोड़ दिया और अब तक पुनर्वास की कोई ठोस व्यवस्था नहीं की गई है। प्रदर्शनकारियों ने सरकार से जमीन का उचित मुआवजा, टूटे हुए मकानों का मुआवजा और सम्मानजनक पुनर्वास की मांग की।

प्रदर्शन के दौरान विस्थापितों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और कहा कि कई बार प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से गुहार लगाने के बावजूद उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हुआ। उनका कहना है कि कार्रवाई के दौरान कई परिवार बेघर हो गए और आज भी खुले आसमान के नीचे या अस्थायी ठिकानों में रहने को मजबूर हैं।

विस्थापितों की प्रमुख मांगें

  • अधिग्रहित जमीन का बाजार दर के अनुसार मुआवजा।
  • बुलडोजर कार्रवाई में तोड़े गए मकानों का अलग से मुआवजा।
  • सभी प्रभावित परिवारों का स्थायी पुनर्वास।
  • विस्थापन से प्रभावित लोगों के लिए रोजगार और मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था।

कांग्रेस ने सरकार को घेरा

प्रदर्शन में कांग्रेस नेताओं ने भी विस्थापितों का समर्थन किया। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार गरीब और आदिवासी परिवारों की आवाज सुनने को तैयार नहीं है। पार्टी नेताओं ने कहा कि यदि सरकार ने जल्द ही विस्थापितों की मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया, तो कांग्रेस प्रदेशव्यापी आंदोलन तेज करेगी और आवश्यकता पड़ने पर छत्तीसगढ़ बंद का आह्वान भी किया जाएगा।

पुलिस की रही कड़ी सुरक्षा

CM हाउस के आसपास सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। प्रदर्शनकारियों को बैरिकेडिंग के जरिए आगे बढ़ने से रोका गया। पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर उनकी मांगों का ज्ञापन लिया और संबंधित स्तर पर कार्रवाई का आश्वासन दिया।

विस्थापितों का कहना

प्रदर्शन में शामिल ग्रामीणों ने कहा कि वे लंबे समय से न्याय की मांग कर रहे हैं, लेकिन अब तक केवल आश्वासन ही मिला है। उनका कहना है कि जब तक उचित मुआवजा और पुनर्वास नहीं मिलेगा, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।

वहीं प्रशासन की ओर से कहा गया कि विस्थापितों की मांगों और ज्ञापन का परीक्षण किया जाएगा तथा नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।